भारत सरकार

परमाणु ऊर्जा विभाग

इंदिरा गांधी परमाणु अनुसंधान केंद्र

 

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इंदिरा गांधी परमाणु अनुसंधान केंद्र की स्थापना वर्ष 1971 में भारत सरकार के परमाणु ऊर्जा विभाग के अधीन की गई है । 

     यह केंद्र फास्टर ब्रीडर रिएक्टर तकनीकी के विकास से संबंधित वैज्ञानिक अनुसंधान एवं उच्चस्तरीय अभियांत्रिकी के व्यापक अनेक शास्त्र विधाओं के कार्यक्रम में कार्यरत है। 

     अद्वितीय मिश्रित प्लूटोनियम यूरेनियम कार्बाइड ईंधन पर आधारित फास्ट ब्रीडर टेस्ट रिएक्टर जो कि विश्व में इस प्रकार का एकमात्र रिएक्टर है व कामिनी रिएक्टर जो कि विश्व में यू-233 द्वारा प्रचलित एक रिएक्टर है, सफलतापूर्वक प्रचालित किए जा रहे हैं।

     केंद्र में 500 मेगावाट क्षमता वाले प्रोटोटाइप फास्ट ब्रीडर रिएक्टर के डिजाइन का कार्य पूर्ण किया गया और निर्माण कार्य प्रगति पर है ।

डॉ. पी.आर. वासुदेव राव, निदेशक, इंगांपअकें

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